आसनसोल, पश्चिम बंगाल सरकार की मंत्री अग्निमित्रा पाल ने तृणमूल कांग्रेस पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने दावा किया कि आज तृणमूल कांग्रेस कई गुटों में बंट चुकी है और यह समझना मुश्किल हो गया है कि असली तृणमूल कौन-सी है। उन्होंने कहा कि कोई शहीद मीनार के नीचे कार्यक्रम कर रहा है तो कोई कालीघाट के हाजरा रोड पर, ऐसे में टीम A, टीम B और टीम C की राजनीति चल रही है।
21 जुलाई के शहीद दिवस का जिक्र करते हुए अग्निमित्रा पाल ने कहा कि यह कार्यक्रम अब पूरी तरह राजनीतिक रूप ले चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की विरासत को तृणमूल ने अपने नाम कर लिया, लेकिन जिस आयोग की रिपोर्ट की बात की गई थी, वह आज तक सार्वजनिक नहीं हुई।
अभिषेक बनर्जी पर कटाक्ष करते हुए मंत्री ने कहा कि यदि उन्हें बाघ कहा जाता है तो बाघ की जगह जंगल में होती है। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि गाड़ी के बोनट पर चढ़कर जेब में हाथ डालने से कोई बाघ नहीं बन जाता।
अनुब्रत मंडल पर भी निशाना साधते हुए अग्निमित्रा पाल ने कहा कि कभी उन्हें तृणमूल का “बाघ” बताया जाता था, लेकिन जेल से लौटने के बाद उनकी दहाड़ नहीं सुनाई देती। उन्होंने अनुब्रत मंडल के उस बयान का भी उल्लेख किया जिसमें उन्होंने जेल जाने के पीछे पार्टी के भीतर हिस्सेदारी की लड़ाई का संकेत दिया था।
अंत में अग्निमित्रा पाल ने कहा कि राज्य की जनता वर्षों से बाघों की लड़ाई देखती आ रही है और अब इससे तंग आ चुकी है। उन्होंने कहा, पश्चिम बंगाल की जनता को न बाघ चाहिए, न शेर जनता को सिर्फ विकास चाहिए।





